Essay on nature in Hindi

greatfriction.com

प्रकृर्ति निबंध हिंदी

greatfriction.com

greatfriction.com

    Essay on nature in Hindi :            प्रकृर्ति यह नाम सुनकर हमारे मन में पहले आता है की एक हरा -भरा बगीचा है lऔर उसेके बीच में एक बडासा विशाल पेड है । यह हमारे मन में आता है । आपके भी यह ही आता होगा या शायद अलग आता हो, तो हमे comment box में comment करके बातए । दोस्तों हम आज आपको प्रकृर्ति के बारे में पूरी जानकारी देने वाले है । यह एक निबंध की तरह भी है । तो चलिए हम प्रकृर्ति के बारे में जान लेते है ।

     प्रकृर्ति एक भगवाने बनाया हुआ एक स्वर्ग है । प्रकृर्ति यह एक अपने-आप में ही एक पहलु है । प्रकृर्ति से प्राप्त हुई हर चीज मौल्यवान तोफा है । प्रकृर्ति यह हमारी माँ जैसी होती है । यह हमे सब कुछ देती है । जन्मसे लेकर मरने तक । हम प्रकृर्ति के ही बनाया हुआ अंश है । प्रकृर्ति यह एक पेड़ है और हम उसके ऊपर रहने वाले पत्ते की तरह है । प्रकृर्ति के हमारे ऊपर बहुत सारे उपकार हैं । जिसे हम कभी भर नही सकते है परंतु हम थोडीसी मदद जरूर कर सकते है । हमे बस जीवन में कमसे कम एक पौधा जरूर लगाना है ।

    प्रकृर्ति यह एक चैन की होती है । इनमेसे एक भी चेन टूट गई तो इसका बहुत ही बुरा प्रभाव पड़ सकता है । हम इसे एक उदारण की तोर देखते है । *घास को बकरी खाती है और बकरी को शेर खाता है । यह भी एक प्रकृर्ति की चेन की तरह है । मानलीजे शेरने बकरी खाना बंद कर दिया तो । इस पृथ्वी पर से घास खतम हो जाएगी । क्योकि शेरने बकरी को खाना बंद कर दिया है तो बकरिओ की तादात बढ़ जाएगी । फिर वह सब घास खा जाएगी । और आप मानलीजे की बकरियोने घास खाना बंद कर देगी तो। इस पृथ्वी पर फिर घास ही घास होगी । ऐसे ही प्रकृर्ति की चेन होती है । यह चेन बैलेंस बनाई हुई होती है ।

    आपको तो पत्ता ही होगा की पेड से हमे oxygen मिलता है और वह carbon dioxide लेता है । अगर आप सोचे जब पेड ही नहीं होते तो । इस पृथ्वी पर क्या जीवन होता ? प्रकृर्ति से ही हमने यह अपनी एक दुनिया बनाई है । खाने से लेकर पहने वाले कपड़ो तक । सब कुछ प्रकृर्ति से लेकर ही बनाया है । दोस्तों हम चाहे कितनी भी तरकी करले परंतु प्रकृर्ति के उपकार हम नहीं भर सकते है । हम सबको प्रकृर्ति से लगाव होना चाहिए । क्योकि प्रकृर्ति में हमने कुछ भी गड़बड़ी की या चेन टूट गई तो पृथ्वी पर जीवन का नामु निशान मिट सकता है । Essay on nature in Hindi :

    दोस्तों हमारी गुजारिस है की आप अपने जीवन में एक न एक पेड या पौधा जरूर लगाए । यह हमारी विनंती है ।

लेखनकौशल्य :

दोस्तों आपको प्रकृर्ति को देखकर जो मन में आता है वह लिखकर अपने विचार notebook में note कर सकते है ।

essay on Diwali

from wikipedia

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Post

Essay on Diwali in HindiEssay on Diwali in Hindi

दिवाली   Essay on Diwali in Hindi;  दोस्तों, हर महीने में एक त्यौहार आता ही है। हर त्योहार बहुत मजेदार होता है। सभी त्योहारों का अपना अपना एक विशेष होता

Essay on pollution in HindiEssay on pollution in Hindi

प्रदूषण : Essay on pollution in Hindi Essay on pollution in Hindi;  प्रदूषण एक ऐसी समस्या है जो साल दर साल बढ़ती जा रही है। लेकिन इन दिनों में बहुत सारे